₹100 के स्टाम्प के लिए मांगे थे अलग से पैसे
Bribe news: रिश्वत की रकम सुनकर आमतौर पर लाखों या हजारों रुपये का ख्याल आता है, लेकिन छत्रपति संभाजीनगर में सिर्फ ₹50 की रिश्वत ने भ्रष्टाचार निरोधक विभाग (ACB) को कार्रवाई के लिए मजबूर कर दिया। ACB ने ₹50 की रिश्वत लेते एक अधिकृत स्टाम्प डीलर को रंगे हाथ पकड़ लिया।
Bribe news: ₹50 की रिश्वत बनी ACB की कार्रवाई की वजह
मामला छत्रपति संभाजीनगर के वालुज क्षेत्र का है। आरोपी की पहचान लक्ष्मण हीराजी धाधेकर (54) के रूप में हुई है। वह अधिकृत स्टाम्प डीलर है।शिकायतकर्ता तीन ₹100 के स्टाम्प खरीदने उसके पास पहुंचा था। आरोप है कि स्टाम्प देने के बदले आरोपी ने निर्धारित रकम से अतिरिक्त पैसे और कमीशन की मांग की।शिकायतकर्ता रिश्वत देने के लिए तैयार नहीं था। उसने इसकी शिकायत 19 अगस्त को भ्रष्टाचार निरोधक विभाग से कर दी।
शिकायत मिलते ही ACB ने बिछाया जाल
शिकायत की जांच के बाद ACB ने आरोपी को पकड़ने के लिए ट्रैप लगाया। बुधवार शाम वालुज के बजाज नगर स्थित वंदना कम्युनिकेशन में कार्रवाई की गई।इस दौरान शिकायतकर्ता से ₹50 की रिश्वत लेते हुए लक्ष्मण धाधेकर को ACB ने पकड़ लिया।
रकम सिर्फ ₹50, लेकिन मामला गंभीर
इस कार्रवाई की सबसे खास बात रिश्वत की रकम है। महज ₹50 के लिए रिश्वत लेने का मामला सामने आया है।भ्रष्टाचार की रकम चाहे कितनी भी छोटी क्यों न हो, रिश्वत लेना कानूनन अपराध है। इसी शिकायत के आधार पर ACB ने कार्रवाई करते हुए आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कराया है।
वालुज MIDC पुलिस स्टेशन में केस दर्ज
ACB की कार्रवाई के बाद इस मामले में वालुज MIDC पुलिस स्टेशन में केस दर्ज किया गया है। ट्रैप ऑफिसर एवं पुलिस इंस्पेक्टर राजू नांगलोट के साथ साईनाथ तोडकर और राजेंद्र सिंकर ने कार्रवाई में सहयोग किया।यह खबर इसलिए खास है क्योंकि आमतौर पर बड़ी रिश्वत की खबरें सुर्खियां बनती हैं, लेकिन यहां सिर्फ ₹50 की रिश्वत भी ACB की कार्रवाई का कारण बन गई।











