Big news : देश की प्रमुख स्वास्थ्य बीमा योजना आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (PM-JAY) के तहत मिलने वाली स्वास्थ्य बीमा राशि को ₹5 लाख से बढ़ाकर ₹10 लाख प्रति परिवार करने की सिफारिश एक महत्वपूर्ण संसदीय समिति ने की है। समिति का कहना है कि वर्तमान में मिलने वाला ₹5 लाख का बीमा कवर लिवर ट्रांसप्लांट, जटिल कैंसर उपचार और अन्य महंगे इलाजों के लिए पर्याप्त नहीं है। ऐसे मामलों में मरीजों और उनके परिवारों को अपनी जेब से भारी खर्च उठाना पड़ता है।
Big news : महंगे इलाज के लिए विशेष पैकेज की सिफारिश
संसदीय समिति ने सुझाव दिया है कि महंगे उपचारों के लिए अलग से हाई-कॉस्ट ट्रीटमेंट पैकेज तैयार किए जाएं। साथ ही जटिल और उन्नत चिकित्सा प्रक्रियाओं के लिए डिफरेंशियल प्राइसिंग मॉडल अपनाने की भी सिफारिश की गई है।योजना को आर्थिक रूप से मजबूत बनाए रखने के लिए समिति ने निम्न उपाय सुझाए हैं:
- संसाधनों का सामूहिक वित्तपोषण (Pooled Financing)
- अस्पतालों और मेडिकल उपकरण निर्माताओं के साथ लागत निर्धारण पर बातचीत
- राज्यों के साथ सह-वित्तपोषण (Co-Funding) व्यवस्था
- 6 घंटे में कैशलेस इलाज की मंजूरी देने का प्रस्ताव
- यदि अस्पताल या संबंधित एजेंसियां अनावश्यक देरी करती हैं तो उन पर जुर्माना लगाने की भी सिफारिश की गई है।
इसके अलावा समिति ने सुझाव दिया है कि:
- प्री-ऑथराइजेशन प्रक्रिया का नियमित ऑडिट किया जाए।
- कम जोखिम वाली अधिक प्रक्रियाओं के लिए ऑटो-अप्रूवल प्रणाली लागू हो।
- मंजूरी प्रक्रिया को तेज और पारदर्शी बनाने के लिए AI आधारित केस ट्रैकिंग सिस्टम का उपयोग किया जाए।
हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचे आयुष्मान कार्ड
समिति ने यह भी कहा है कि देश के हर पात्र नागरिक, विशेषकर दूरदराज और ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों तक आयुष्मान कार्ड पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए।अब तक देशभर में 43 करोड़ से अधिक आयुष्मान कार्ड जारी किए जा चुके हैं और योजना के तहत 11 करोड़ से अधिक अस्पताल में भर्ती उपचार किए जा चुके हैं।
क्या है आयुष्मान भारत PM-JAY योजना?
सितंबर 2018 में शुरू की गई आयुष्मान भारत-प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (AB PM-JAY) दुनिया की सबसे बड़ी सरकारी वित्तपोषित स्वास्थ्य बीमा योजना मानी जाती है।वर्तमान में यह योजना प्रति परिवार प्रति वर्ष ₹5 लाख तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराती है और देश की लगभग 12 करोड़ परिवारों यानी आबादी के निचले 40 प्रतिशत हिस्से को कवर करती है।बाद में इस योजना का विस्तार करते हुए 70 वर्ष और उससे अधिक आयु के लगभग 6 करोड़ वरिष्ठ नागरिकों को भी इसमें शामिल किया गया। इसके अलावा गरीब एवं कमजोर वर्गों के परिवारों तथा गिग और प्लेटफॉर्म वर्कर्स को भी इसका लाभ दिया जा रहा है।
2033 तक प्रत्येक नागरिक को स्वास्थ्य बीमा सुरक्षा
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने हाल ही में संसद में कहा था कि सरकार का लक्ष्य 2033 तक देश के प्रत्येक नागरिक को स्वास्थ्य बीमा सुरक्षा प्रदान करना है। वहीं केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि आयुष्मान भारत योजना की वजह से लोगों के स्वास्थ्य पर अपनी जेब से होने वाला खर्च 2018 से पहले के 64.6 प्रतिशत से घटकर 43.4 प्रतिशत रह गया है। उन्होंने कहा कि यह योजना कैशलेस, पेपरलेस और पूरी तरह डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से लोगों को समय पर और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करा रही है।









